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बिहार बोर्ड (BSEB) • कक्षा 8 • संस्कृत • दीपकम् • एनईपी मिरर (हिंदी)

पाठ 6: डिजिभारतम् युगपरिवर्तनम्

डिजिटल भारत — युग का परिवर्तन, एक बटन से नागरिक-सुविधाएँ।

यह पृष्ठ NCERT की NEP पुस्तक के Educational Galaxy नोट्स का हिंदी संस्करण है, जो बिहार बोर्ड के विद्यार्थियों के लिए तैयार किया गया है। बिहार बोर्ड द्वारा इस पुस्तक को निर्धारित किए जाने का दावा नहीं किया जाता।

Original notes — ready Bihar Board — BSEB (Hindi Medium) • Class 8 • Sanskrit • पुस्तक: दीपकम् — एनईपी मिरर (हिंदी)

Print से browser से PDF save कर सकते हैं। यह textbook PDF नहीं है।

पाठ का सार — EG के अपने शब्दों में

हमारा देश भारत केवल सांस्कृतिक क्षेत्र में ही समृद्ध नहीं है, बल्कि नित्य आविष्कारों से कीर्ति भी पाता है। आज सम्पूर्ण विश्व में डिजिटल भारत की चर्चा होती है। एक ही बटन के दबाने से सारी नागरिक-सुविधाएँ मिल जाती हैं। इससे भारतीयों का जीवन अधिक सरल हो रहा है। डिजिटल पटल पर सम्पूर्ण वसुधा कुटुम्ब के समान है। इस पाठ में हम भारत की डिजिटल प्रगति के विषय में पढ़ते हैं।

प्रधानमन्त्री-संग्रहालय का भ्रमण — छात्र नई दिल्ली स्थित प्रधानमन्त्री-संग्रहालय गए, जहाँ विविध डिजिटल प्रौद्योगिकियाँ प्रदर्शित हैं। अध्यापक ने कहा — यहाँ विविध डिजिटल प्रौद्योगिकियाँ प्रयुक्त हैं; आनन्द और सावधानी से देखो, फिर इस पर चर्चा करेंगे। छात्रों ने होलोग्राम द्वारा प्रधानमन्त्रियों के भाषण देखे-सुने — ऐसा लगता था मानो प्रधानमन्त्री प्रत्यक्ष ही वहाँ बैठे हों। होलोग्राम से दिवंगत नेता भी जीवित से दिखते हैं। वहाँ वर्धित-वास्तविकता (एआर) और आभासी-वास्तविकता (वीआर) से सम्बद्ध उपकरण भी थे, जिनसे ऐतिहासिक वृत्त प्रत्यक्ष से अनुभव होते हैं — भारतीय स्वतन्त्रता-संग्राम देखकर पूर्वजों के संघर्ष की विशालता समझ में आती है। एक छात्र ने कृत्रिम-बुद्धि (एआई) आधारित संवाद-यन्त्र देखा, जो सब प्रकार के प्रश्नों के उत्तर देता है। डिजिटल प्रक्षेपण-चलच्चित्र में सम्पूर्ण भारत की विकास-यात्रा दिखाई गई। यह अपूर्व अनुभव चिरकाल तक स्मरणीय रहेगा।

कक्षा में चर्चा — अध्यापक ने कहा — डिजिटल योजना का प्रभाव दैनिक जीवन में भी दिखता है। इसका क्षेत्र व्यापक है — डिजिटल शासन, स्वास्थ्य-सेवा, शिक्षण और वित्तीय समावेशन। छात्रों ने अपने अनुभव बताए — एक छात्रा डिजि-लॉकर का उपयोग करती है, जिसमें उसका आधार-पत्र और विद्यालयीय प्रमाण-पत्र सुरक्षित हैं। एक छात्र के माता-पिता फ़ास्टैग का उपयोग करते हैं, जिससे राजमार्गों पर स्वचालित विधि से मार्ग-शुल्क का संग्रह शीघ्र होता है। एक छात्र एकीकृत-धनदेय-प्रत्यर्पण-अन्तरफलक (यूपीआई) का उपयोग करता है, जिससे उसके माता-पिता भी शीघ्र उसे धन भेज सकते हैं। अध्यापक ने कहा — वित्तीय समावेशन के क्षेत्र में यूपीआई, रूपे-कार्ड और जनधन-योजना जैसे बहुत से साधन हैं। अब दुकानों में वस्तु खरीदने के लिए साक्षात् मुद्रा की आवश्यकता नहीं है। मुद्रारहित विनिमय के सन्दर्भ में विश्व में भारत का अग्रगण्य स्थान है।

डिजिटल योजना का लक्ष्य — डिजिटल योजना भारत सरकार की एक विशिष्ट महत्त्वाकाङ्क्षिणी योजना है। इसका लक्ष्य है कि राष्ट्र डिजिटल रूप से सुशक्त हो। डिजिटल शक्ति सब लोगों को सुशक्त करे — यही हमारा ध्येय है। अध्यापक ने डिजिटल शासन-सेवाओं का स्वरूप भी स्पष्ट किया। पाठ के अन्त में परियोजना-कार्य दिया गया है — प्रधानमन्त्री-संग्रहालय का आभासी भ्रमण करके भारत के डिजिटल विकास का वर्णन करना, और समूहों में बँटकर डिजिटल भारत की किसी एक योजना की प्रस्तुति करना।

लेबल वाला चित्र: डिजिभारतम् युगपरिवर्तनम्

चित्र (लेबल चित्र पर ही छपे हैं): कक्षा में कंप्यूटर और टैबलेट से सीखते विद्यार्थी। डिजिटल युग की सामान्य तस्वीर, पुस्तक का दृश्य नहीं।

चित्र: डिजिभारतम् युगपरिवर्तनम्

शिक्षक के साथ कंप्यूटर पर भारत का मानचित्र देखते विद्यार्थी। डिजिटल पढ़ाई की सामान्य तस्वीर।

मुख्य शब्द — शब्दार्थ

शब्दअर्थ
डिजिटल-भारतम्डिजिटल (अंकीय) भारत
पिञ्जस्य नोदनम्बटन दबाना
नागरिक-सौविध्यम्नागरिकों की सुविधा
होलोग्रामत्रि-आयामी आभासी छवि-तकनीक
वर्धिता-वास्तविकता (एआर)वास्तविक दृश्य पर डिजिटल जानकारी जोड़ने वाली तकनीक
आभासीया-वास्तविकता (वीआर)पूरी तरह आभासी अनुभव देने वाली तकनीक
कृत्रिमबुद्धिः (एआई)मानव-बुद्धि जैसी क्षमता वाला यन्त्र-ज्ञान
डिजि-लॉकरप्रमाण-पत्र सुरक्षित रखने वाली डिजिटल सुविधा
फ़ास्टैगमार्ग-शुल्क का स्वचालित संग्रह
एकीकृत-धनदेय-प्रत्यर्पण-अन्तरफलक (यूपीआई)तुरन्त धन भेजने-प्राप्त करने की प्रणाली
वित्तीय-समावेशनम्सबको वित्तीय सेवाओं से जोड़ना
महत्त्वाकाङ्क्षिणी योजनाबड़ी आकांक्षा वाली योजना

व्याकरण और अभ्यास-प्रकार — इस पाठ से

मञ्जूषा से रिक्त स्थान: मञ्जूषा में दिए गए शब्दों में से चुनकर रिक्त स्थान भरो। शब्द चुनते समय वाक्य का अर्थ और लिङ्ग-वचन देखो — जैसे डिजि-लॉकर वाले वाक्य में प्रमाण-पत्र का शब्द ही बैठेगा, फ़ास्टैग का नहीं।

शुद्ध-अशुद्ध: दिए गए वाक्यों को पढ़कर शुद्ध या अशुद्ध का चिह्न लगाओ। वाक्य की जाँच पाठ के तथ्य से करो — जैसे “दुकानों में मुद्रा की आवश्यकता नहीं है” वाले वाक्य का तथ्य पाठ में दिया गया है।

परिच्छेद-प्रश्न: परिच्छेद पढ़कर प्रश्नों के उत्तर लिखो। उत्तर परिच्छेद में ही होता है — उसे अपने शब्दों में लिखो, पूरा परिच्छेद उतारना उत्तर नहीं है।

परीक्षा टिपचार क्षेत्रों को क्रम से याद रखो — डिजिटल शासन, स्वास्थ्य-सेवा, शिक्षण, वित्तीय समावेशन — और प्रत्येक का एक उदाहरण दो (जैसे वित्तीय समावेशन के लिए यूपीआई, रूपे-कार्ड, जनधन-योजना)।
सामान्य गलतीएआर और वीआर को एक समझ लेना। एआर वास्तविक दृश्य पर डिजिटल जानकारी जोड़ती है; वीआर पूरी तरह आभासी अनुभव देती है। संग्रहालय में दोनों के अलग-अलग उपकरण थे।

अभ्यास — स्वयं करके देखो

  1. डिजिटल भारत से जीवन कैसे सरल हुआ है?
    संकेत: एक बटन से नागरिक-सुविधा की बात सोचो।
  2. होलोग्राम से छात्रों ने क्या देखा?
    संकेत: प्रधानमन्त्रियों के भाषण और दिवंगत नेताओं की बात सोचो।
  3. डिजि-लॉकर, फ़ास्टैग और यूपीआई में क्या अन्तर है?
    संकेत: प्रमाण-पत्र, मार्ग-शुल्क और धन-भेजना — तीन अलग काम सोचो।
  4. एक वाक्य को शुद्ध या अशुद्ध चिह्नित करो और कारण लिखो।
    संकेत: वाक्य के तथ्य की पाठ से तुलना करो।
  5. मञ्जूषा से एक रिक्त स्थान भरो।
    संकेत: वाक्य का अर्थ पढ़ो, फिर सही शब्द चुनो।

प्रश्न और उत्तर

  1. डिजिटल भारत की चर्चा विश्व में क्यों होती है?
    क्योंकि भारत केवल सांस्कृतिक क्षेत्र में ही नहीं, नित्य आविष्कारों से भी कीर्ति पाता है और एक बटन से नागरिक-सुविधाएँ मिलने लगी हैं।
  2. प्रधानमन्त्री-संग्रहालय में कौन-कौन सी तकनीकें देखी गईं?
    होलोग्राम, वर्धित-वास्तविकता (एआर), आभासी-वास्तविकता (वीआर), कृत्रिम-बुद्धि आधारित संवाद-यन्त्र और डिजिटल प्रक्षेपण-चलच्चित्र।
  3. डिजिटल योजना के चार क्षेत्र कौन-से हैं?
    डिजिटल शासन, स्वास्थ्य-सेवा, शिक्षण और वित्तीय समावेशन — ये चार क्षेत्र पाठ में बताए गए हैं।
  4. वित्तीय समावेशन के साधन कौन-से बताए गए हैं?
    यूपीआई, रूपे-कार्ड और जनधन-योजना। इनसे दुकानों में वस्तु खरीदने के लिए साक्षात् मुद्रा की आवश्यकता नहीं रहती।
  5. डिजिटल योजना का लक्ष्य क्या है?
    राष्ट्र डिजिटल रूप से सुशक्त हो और डिजिटल शक्ति सब लोगों को सुशक्त करे — यही इस महत्त्वाकाङ्क्षिणी योजना का ध्येय है।

विस्तार — और गहराई से

  1. एआर से स्वतन्त्रता-संग्राम का अनुभव कैसे अलग था?
    एआर/वीआर से ऐतिहासिक वृत्त प्रत्यक्ष से अनुभव होते हैं — केवल पढ़ने के बजाय देखना-महसूस करना पूर्वजों के संघर्ष की विशालता समझाता है।
  2. मुद्रारहित विनिमय में भारत के अग्रगण्य स्थान का क्या अर्थ है?
    इसका अर्थ है कि बिना नकद मुद्रा के लेन-देन में भारत विश्व में आगे है — यूपीआई जैसे साधनों से यह सम्भव हुआ है।
  3. परियोजना: प्रधानमन्त्री-संग्रहालय का आभासी भ्रमण करके भारत के डिजिटल विकास का वर्णन करो।
    भ्रमण में देखी गई तकनीकों को क्रम से लिखो और बताओ कि प्रत्येक से दैनिक जीवन में क्या लाभ है।
  4. परियोजना: समूह में डिजिटल भारत की किसी एक योजना की प्रस्तुति करो।
    समूह में बँटो, एक योजना चुनो (जैसे डिजि-लॉकर या यूपीआई), उसके लाभ और प्रयोग को उदाहरण सहित प्रस्तुत करो।
  5. अपने जीवन में डिजिटल सुविधा का एक उदाहरण लिखो।
    प्रमाण-पत्र, शुल्क-भुगतान या पढ़ाई — किसी एक क्षेत्र में अपने अनुभव को तीन-चार वाक्यों में लिखो।
पुनरावलोकन
  • संग्रहालय: होलोग्राम, एआर, वीआर, एआई संवाद-यन्त्र, डिजिटल प्रक्षेपण-चलच्चित्र।
  • चार क्षेत्र: डिजिटल शासन, स्वास्थ्य-सेवा, शिक्षण, वित्तीय समावेशन।
  • साधन: डिजि-लॉकर, फ़ास्टैग, यूपीआई, रूपे-कार्ड, जनधन-योजना; मुद्रारहित विनिमय में भारत अग्रगण्य।
  • लक्ष्य: राष्ट्र डिजिटल रूप से सुशक्त; डिजिटल शक्ति सबको सुशक्त करे।
  • अभ्यास-प्रकार: मञ्जूषा से रिक्त स्थान, शुद्ध-अशुद्ध, परिच्छेद-प्रश्न।

इस पृष्ठ का उपयोग कैसे करें: सार पढ़ो, मुख्य शब्द अपने शब्दों में बोलो, फिर बिना देखे अभ्यास हल करो। उत्तर अध्यापक या माता-पिता से जाँचवाओ।