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कक्षा 8 • गणित • गणित प्रकाश — भाग 2 — NEP Mirror (Hindi) (BSEB)

अध्याय 2: बौधायन–पाइथागोरस प्रमेय

समकोण त्रिभुज में कर्ण का वर्ग, शेष दो भुजाओं के वर्गों के योग के बराबर होता है — भारत की प्राचीन शुल्बसूत्र परंपरा से।

मूल नोट्स — तैयार बिहार बोर्ड — BSEB (हिंदी माध्यम) • कक्षा 8 • गणित • पुस्तक: गणित प्रकाश — भाग 2 — NEP Mirror (Hindi)

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अध्याय 2: बौधायन–पाइथागोरस प्रमेय — EG के अपने नोट्स, सरल शब्दों में

पुस्तक: गणित प्रकाश — भाग 2 (NEP Mirror — हिंदी संस्करण) (BSEB, कक्षा 8)  |  अध्याय 2  |  माध्यम: हिंदी

यह पृष्ठ NCERT की NEP पुस्तक के Educational Galaxy नोट्स का हिंदी संस्करण है, जो बिहार बोर्ड के विद्यार्थियों के लिए तैयार किया गया है। बिहार बोर्ड द्वारा इस पुस्तक को निर्धारित किए जाने का दावा नहीं किया जाता।

यह पृष्ठ Educational Galaxy के अपने मूल नोट्स हैं — किताब की नकल नहीं। यहाँ कोई आधिकारिक NCERT/BSTBPC PDF नहीं दिया जाता है और ये नोट्स पाठ्यपुस्तक का स्थान नहीं लेते।

बौधायन–पाइथागोरस प्रमेय के लिए लेबल वाला चित्र

चित्र (लेबल चित्र पर ही छपे हैं): समकोण त्रिभुज और उसके वर्गों का चित्र — लेबल चित्र पर ही छपे हैं।

बौधायन–पाइथागोरस प्रमेय के लिए चित्र

समकोण त्रिभुज मापता विद्यार्थी — सामान्य चित्र।

अध्याय का सार

समकोण त्रिभुज में समकोण के सामने की भुजा कर्ण कहलाती है। बौधायन–पाइथागोरस प्रमेय कहती है: कर्ण² = आधार² + लंब²। यह संबंध भारत में बौधायन के शुल्बसूत्रों में पाइथागोरस से सदियों पहले मिलता है — इसीलिए पुस्तक में दोनों नाम साथ हैं।

इस प्रमेय से समकोण त्रिभुज की कोई एक अज्ञात भुजा निकाली जा सकती है, और यह भी जाँचा जा सकता है कि कोई त्रिभुज समकोण है या नहीं — यदि तीनों भुजाएँ a² + b² = c² को संतुष्ट करें तो त्रिभुज समकोण है। पाइथागोरस त्रिक जैसे (3, 4, 5), (5, 12, 13), (8, 15, 17) परीक्षा में बार-बार आते हैं।

1. प्रमेय का प्रयोग

आधार 6 cm, लंब 8 cm हो तो कर्ण = √(36 + 64) = √100 = 10 cm। उल्टा: कर्ण 13 cm और एक भुजा 5 cm हो तो दूसरी भुजा = √(169 − 25) = √144 = 12 cm — घटाना न भूलें, जोड़ना नहीं।

2. त्रिक और समकोण की जाँच

(3, 4, 5) का कोई गुणज भी त्रिक होता है: (6, 8, 10), (9, 12, 15)। जाँच: 9² + 12² = 81 + 144 = 225 = 15², इसलिए त्रिभुज समकोण है। यदि a² + b² ≠ c² हो तो त्रिभुज समकोण नहीं है।

मुख्य बात

कर्ण हमेशा सबसे लंबी भुजा होती है — उत्तर में कर्ण छोटा आए तो गणना गलत है।

सावधानी

अज्ञात भुजा निकालते समय जोड़ और घटाव में भ्रम न करें: कर्ण निकालना हो तो जोड़ें, भुजा निकालनी हो तो घटाएँ।

परीक्षा टिप

त्रिक (3, 4, 5), (5, 12, 13), (8, 15, 17) याद रखें — कई प्रश्न बिना वर्गमूल के ही हल हो जाते हैं।

तुम्हें क्या सीखना चाहिए

प्रमेय का कथन; अज्ञात भुजा निकालना; त्रिक; समकोण की जाँच।

मुख्य शब्द

  • कर्ण — समकोण के सामने की, सबसे लंबी भुजा।
  • आधार — समकोण बनाने वाली एक भुजा।
  • लंब — समकोण बनाने वाली दूसरी भुजा।
  • पाइथागोरस त्रिक — a² + b² = c² को संतुष्ट करने वाली तीन पूर्ण संख्याएँ।
  • शुल्बसूत्र — प्राचीन भारतीय ग्रंथ जिनमें यह प्रमेय पहले मिलती है।

याद रखें

  • कर्ण² = आधार² + लंब²।
  • कर्ण निकालना: जोड़कर वर्गमूल; भुजा निकालना: घटाकर वर्गमूल।
  • (3,4,5), (5,12,13), (8,15,17) प्रमुख त्रिक।
  • a² + b² = c² हो तो त्रिभुज समकोण है।

परीक्षा टिप / सामान्य गलती

सामान्य गलती: भुजा निकालते समय भी वर्गों को जोड़ देना। भुजा = √(कर्ण² − ज्ञात भुजा²) — घटाव होता है।

चार्ट / तालिका: पाइथागोरस त्रिक

विषयविवरण
(3, 4, 5)9 + 16 = 25
(5, 12, 13)25 + 144 = 169
(8, 15, 17)64 + 225 = 289
(7, 24, 25)49 + 576 = 625
(6, 8, 10)(3,4,5) का दोगुना

हल विधि: अज्ञात भुजा निकालना

कर्ण 15 cm, एक भुजा 9 cm: दूसरी भुजा = √(15² − 9²) = √(225 − 81) = √144 = 12 cm।

अभ्यास (स्वयं करके देखें)

  1. आधार 9 cm, लंब 12 cm — कर्ण निकालिए।
    संकेत: 15 cm।
  2. कर्ण 25 cm, एक भुजा 7 cm — दूसरी भुजा निकालिए।
    संकेत: 24 cm।
  3. क्या 6, 8, 10 समकोण त्रिभुज बनाते हैं?
    संकेत: हाँ, 36 + 64 = 100।
  4. क्या 4, 5, 6 समकोण त्रिभुज बनाते हैं?
    संकेत: नहीं, 16 + 25 ≠ 36।
  5. एक सीढ़ी दीवार से 6 m दूर, 8 m ऊँचाई तक है — सीढ़ी की लंबाई?
    संकेत: 10 m।

प्रश्न और उत्तर

  1. बौधायन–पाइथागोरस प्रमेय का कथन क्या है?
    समकोण त्रिभुज में कर्ण² = आधार² + लंब²।
  2. बौधायन का नाम क्यों जुड़ा है?
    क्योंकि यह संबंध भारत में बौधायन के शुल्बसूत्रों में पाइथागोरस से पहले दर्ज है।
  3. कर्ण 13 cm और भुजा 5 cm हो तो दूसरी भुजा कैसे निकालेंगे?
    √(13² − 5²) = √(169 − 25) = 12 cm।
  4. पाइथागोरस त्रिक क्या है?
    तीन पूर्ण संख्याएँ जो a² + b² = c² को संतुष्ट करें, जैसे (3, 4, 5)।
  5. किसी त्रिभुज के समकोण होने की जाँच कैसे करें?
    सबसे लंबी भुजा को c मानकर देखें कि a² + b² = c² है या नहीं।

विस्तार प्रश्न

  1. एक आयत की भुजाएँ 8 cm और 15 cm हैं — विकर्ण की लंबाई निकालिए।
  2. क्या (9, 40, 41) त्रिक है? जाँचिए।
पुनरावलोकन — एक नज़र में
  • कर्ण² = आधार² + लंब²।
  • कर्ण के लिए जोड़, भुजा के लिए घटाव।
  • त्रिक याद रखें, जाँच वर्गों से करें।

इस पृष्ठ का उपयोग कैसे करें: पहले सार पढ़ें, मुख्य शब्द अपने शब्दों में कहें, फिर बिना देखे अभ्यास करें। अंत में प्रश्न और उत्तर से अपनी जाँच करें। अपने शिक्षक या माता-पिता से उत्तर जँचवाएँ।